Thursday, August 27, 2015

अपने इन शरबती होठों को किसी रूखसार मे छुपा लो..
मोहतरमा गर्मी का मौसम है, शरबत की तलब लगी रहती है हमें.

๓гยﻮєรђ

No comments:

Post a Comment